शक्तिशाली क्रायोजनिक इंजन का सफल परीक्षण
अंतरिक्ष में बढ़ेगी इसरो की ताकत भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने उच्च शक्ति के एक और स्वदेशी क्रायोजनिक इंजन बनाने में सफलता हासिल की है। इस इंजन को रॉकेट में फिट करने से पहले इसरो की प्रयोगशाला में जमीनी परीक्ष…
एक नई पृथ्वी की खोज
शशांक द्विवेदी डिप्टी डायरेक्टर (रिसर्च) , मेवाड़ यूनिवर्सिटी , क्या हमारी पृथ्वी की तरह कोई और पृथ्वी इस ब्रह्माण्ड में है जहाँ जीवन की सम्भावना हो सकती है ? इस सवाल का जवाब लगता है अब मिल गया है । अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंस…
एक दशक बाद चांद पर रहने लगेगा इंसान
नासा द्वारा कराए गए एक अध्ययन के अनुसार करीब एक दशक बाद इंसान चांद पर रहने में कामयाब हो जाएगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक इस अध्ययन में ह्यूमन मिशन को फिर से चांद पर ले जाने की योजना का खाका खींचा गया है। अमेरिकन न्यूज ऐंड टे…

अंतरिक्ष बाजार में भारत की धमक
शशांक द्विवेदी अंतरिक्ष अभियानों से कमाई दैनिक जागरण अरबों डॉलर के अंतरिक्ष कारोबार के क्षेत्र में लंबी छलांग लगाते हुए इसरो ने एक बार फिर इतिहास रचते हुए अपने सबसे वजनी व्यावसायिक मिशन को सफलतापूर्वक अंजाम तक पहुँचाया ।…

इसरो ने किया सबसे बड़ा कमर्शियल लॉन्च
इसरो ने शुक्रवार को(10JULY15) आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से पीएसएलवी-सी28 से पांच ब्रिटिश व्यावसायिक उपग्रहों का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण किया। इसरो का यह अब तक का सबसे बडा व्यावसायिक मिशन था। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठ…

सामरिक क्षेत्र में एक बड़ी कामयाबी
शशांक द्विवेदी रक्षा क्षेत्र में एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए भारत ने अपनी सबसे ताकतवर परमाणु मिसाइल अग्नि-5 का ओडिशा के बालासोर तट से सफल परीक्षण कर लिया । अग्नि-5 का यह तीसरा सफल परीक्षण है । देश में तैयार किया गया अग…
रहने लायक आठ ग्रहों को खोजा खगोलविदों ने
अंतरिक्ष में जीवन की संभावना खोजने में लगे खगोलविदों ने आठ ऐसे ग्रहों का पता लगाया है, जो धरती के आकार-प्रकार का है और जिन्हें रहने लायक माना जा रहा है। इनमें से दो ग्रहों की पृथ्वी से बहुत अधिक समानता पाई गई है। वैज्ञान…

इसरो द्वारा प्रक्षेपित अब तक के सफल कुछ बड़े अभियान
भारत मंगल की सतह पर तो नहीं उतरा मंगलयान, लेकिन मंगल की कक्षा में प्रवेश कर इतिहास रच दिया। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन [इसरो] ने मंगलयान अभियान को कम बजट और कम संसाधनों का इस्तेमाल करते हुए यह कामयाबी हासिल की है। मं…

जीएसएलवी-मार्क3 का सफल परीक्षण-ऐतिहासिक उपलब्धि
शशांक द्विवेदी (Shashank Dwivedi) अंतरिक्ष के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धि अंतरिक्ष के क्षेत्र में आज भारत ने एक बार फिर इतिहास रच दिया .इसरो और कामयाबी एक दूसरे के पर्यायवाची बन गयें है . भारत के लिए आज दोहरी खुशी का मौ…
मंगल का खुलता रहस्य
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा द्वारा मंगल ग्रह पर भेजा गया क्यूरियॉसिटी रोवर वहां से जिस तरह की सूचनाएं दे रहा है वे विश्व वैज्ञानिक बिरादरी को चमत्कृत कर देने के लिए काफी हैं। दो साल पहले जिस स्थान पर यह उतरा था, वहां से…

धूमकेतु पर पहली बार उतरा अंतरिक्ष यान
शशांक द्विवेदी अंतरिक्ष विज्ञान के इतिहास में 12 नवंबर को एक खास तारीख के तौर पर याद किया जाएगा। वैानिकों ने धूमकेतु पर बुधवार रात करीब दस बजे अंतरिक्ष यान उतारने में सफलता हासिल कर ही ली। यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ईएसए)…

भारत का अपना नेविगेशन सिस्टम
विशेष लेख उम्मीद है कि वर्ष 2016 से भारत का अपना ‘इंडियन नेविगेशन सिस्टम’ काम करना शुरू कर देगा. फिलहाल इसके लिए अमेरिकी ‘जीपीएस’ की मदद ली जाती है. इसे विकसित करने के मकसद से भारत ने 16 अक्तूूबर को तीसरा सेटेलाइट सफलताप…