खगोलशास्त्रियों ने बृहस्पति के सबसे छोटे उपग्रह को खोजने का दावा किया है -यह महज दो किलोमीटर चौड़ा है। एस-2010 जे2 के नामक इस उपग्रह को इसके साथी उपग्रह एस-2010 जे1 के साथ ही वर्ष 2010 में खोजा गया था। दो वर्ष के पर्यवेक…
16 JUNE 20121 min readBy the Author
खगोलशास्त्रियों ने बृहस्पति के सबसे
छोटे उपग्रह को खोजने का दावा किया है -यह महज दो किलोमीटर चौड़ा है। एस-2010
जे2 के नामक इस उपग्रह को इसके साथी उपग्रह
एस-2010 जे1 के साथ ही वर्ष 2010
में खोजा गया था। दो वर्ष के पर्यवेक्षण के बाद वैज्ञानिकों ने पता
लगाया है कि एस-2010 जे2 की चौड़ाई 1.2
मील (दो किलोमीटर) है जबकि एस-2010 जे1
की चौड़ाई 1.8 मील (तीन किलोमीटर है)।
वैज्ञानिकों ने बताया कि इसके साथ ही गुरु के उपग्रहों की संख्या बढ़कर 67 हो गई है।
स्पेस डॉट कॉम की खबर के अनुसार, शोध के सह-लेखक ब्रिटिश कोलंबिया विश्वविद्यालय के मार्क एलेक्सएंडरसन ने
बताया कि यह बहुत उत्साहवर्धक बात है कि एस-2010 जे2 पृथ्वी से खोजा गया सौरमंडल का सबसे छोटा उपग्रह है। खोज के अनुसार एस-2010
जे1 को गुरु की परिक्रमा करने में 2.02
वर्ष लगते हैं जबकि एस-2010 जे2 अपनी परिक्रमा पूरी करने के लिए 1.69 वर्ष लेता है।