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आकाश 4 में क्षेत्रीय भाषाओं में पढऩे की सुविधा

प्रौद्योगिकी के माध्यम से उच्च शिक्षा से सुदूर क्षेत्र के छात्रों को जोडऩे के प्रयासों के तहत अब सस्ता टैबलेट ‘आकाश 4′ अगले वर्ष जनवरी तक पेश किया जाएगा जिसमें देश की कई क्षेत्रीय भाषाओं में पढऩे और संपादन करने की सुविधा…

आकाश 4 में क्षेत्रीय भाषाओं में पढऩे की सुविधा
प्रौद्योगिकी के माध्यम से उच्च शिक्षा से सुदूर क्षेत्र के छात्रों को जोडऩे के प्रयासों के तहत अब सस्ता टैबलेट ‘आकाश 4′ अगले वर्ष जनवरी तक पेश किया जाएगा जिसमें देश की कई क्षेत्रीय भाषाओं में पढऩे और संपादन करने की सुविधा होगी। सूचना संचार प्रौद्योगिकी के जरिए राष्ट्रीय उच्च शिक्षा कार्यक्रम (एनएमईआईसीटी) के सलाहकार प्रदीप शर्मा ने बताया कि नए आकाश में अब छात्र को क्षेत्रीय भाषाओं में पढऩे और संपादन करने की सुविधा मिलेगी। आकाश के नए संस्करण में हिन्दी, कन्नड़, तेलुगू, मलयाली, तमिल, मराठी, गुजराती, पंजाबी, बांग्ला, ओडिय़ा, असमिया, उर्दू, मणिपुरी, संस्कृत, देवनागरी आदि भाषाओं में पढऩे और संपादन की सुविधा होगी। उन्होंने कहा कि आकाश के नए संस्करण में आडियो-वीडियो चैट कांफ्रेंस की सुविधा भी होगी।
सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि नया आकाश 4 अगले वर्ष जनवरी तक पेश किए जाने की संभावना है।
आकाश 4 के मसौदे के अनुसार, इसमें 1 जीबी मेमोरी, 4 जीबी या अधिक की आंतरिक स्टोरेज क्षमता के साथ 2जी, 3जी एवं 4जी डाटा कनेक्टिविटी डोंगल की सुविधा होगी। सात इंच के टच स्क्रीन वाला आकाश 4 वाई फाई, ब्लूटूथ से जुड़ा होगा। इसकी बैटरी को बेहतर बनाया गया है और इसका जीवन दो वर्ष होगा।
नए आकाश से छात्रों को उनके सवालों और उलझनों के तत्काल जवाब मिल सकेंगे। सस्ता टैबलेट आकाश के नए एवं उन्नत संस्करण में ‘क्लिकर’ प्रणाली जोड़ी गई है जिस पर छात्र और अध्यापक संवाद कर सकेंगे।
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